मैथिली हनुमान गीत : बूटी आनि दिअ फेरो यौ वीर हनुमान
भेल लहालोट दुनिया बचबियौ ने प्राण
बूटी आनि दिअ फेरो, यौ वीर हनुमान
बूटी आनि दिअ फेरो, यौ वीर हनुमान
माहुरक बाण काल फेकलक नुकाक'
लखन जकाँ जग ई, खसल अरराक'
आबि ताकि दिअ सुषेणक ठ'र-ठेकान
बूटी आनि दिअ...
रामक बनेलहुँ अहाँ बिगड़ल काज यौ
कलपैत भक्तकेर, रखियौ ने लाज यौ
छै अहीँपर टांगल सभकेर ध्यान
बूटी आनि दिअ...
जगत हितकारी छी अहाँ बजरंगी
दुष्टक विनाशक यौ, भललोकक संगी
दिअ आशीष अक्षय करू कल्याण
बूटी आनि दिअ...
◼️


अहाँक जबाब नय भैया👌👌
जवाब देंहटाएंशुभकामना अछि भायसाहेब
जवाब देंहटाएंसंदेशमूलक काव्य रचना औ सद्प्रयत्न सँ मात्र मिथिले के नै, अपितु सम्पूर्ण भारतक नाम उच्च करी
बड्ड नीक गीत
जवाब देंहटाएंबहुत नीक सर
जवाब देंहटाएंवाह बेजोड़ 💞
जवाब देंहटाएंवाह बेजोड़ 👌💞💞
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